Prinz Rama, der sein Exil im uralten Wald akzeptiert
Eingabeaufforderung
भगवान राम की कथा मर्यादा, सत्य और धर्म की प्रेरक कहानी है। अयोध्या के राजा दशरथ के पुत्र राम बचपन से ही गुणवान और पराक्रमी थे। पिता की आज्ञा का पालन करते हुए वे चौदह वर्ष का वनवास स्वीकार करते हैं। वन में सीता और लक्ष्मण के साथ अनेक कठिनाइयाँ आती हैं। रावण द्वारा सीता हरण के बाद राम हनुमान और वानर सेना की सहायता से लंका पहुँचते हैं। रावण का वध कर वे अधर्म का अंत करते हैं और सीता को मुक्त कराते हैं। अंत में अयोध्या लौटकर राम राज्य स्थापित करते हैं, जिसे रामराज्य कहा जाता है।