वो लड़की बहुत चुप-सी थी…
हँसती थी, लेकिन आँखों में हमेशा कुछ टूटा हुआ रहता था।
उसने प्यार किया था पूरे दिल से।
न कोई शर्त, न कोई ज़िद…
बस एक इंसान, जिसे उसने अपनी दुनिया बना लिया।
वो लड़का कहता था –
“मैं हमेशा साथ रहूँगा।”
वो बातों पर नहीं, उसकी आँखों पर भरोसा करती थी।
लड़की ने अपने सपने छोड़ दिए,
दोस्तों से दूरी बना ली,
घर वालों से झूठ बोल लिया…
सिर्फ इसलिए कि उसका प्यार खुश रहे।
लेकिन समय बदला।
लड़के के लिए वो लड़की अब “समझने वाली” बन गई थी,
और किसी और के लिए वो “खास” बन चुका था।
एक दिन उसने कहा –
“अब वो बात नहीं रही…”
बस यहीं से