Camponês pobre caminhando pelos campos ao amanhecer
Prompt
एक गरीब किसान रोज़ सुबह खेतों में पानी देने जाता था। उसके पास न अच्छा घर था, न ज्यादा जमीन। वह दूसरों के खेतों में मेहनत करके थोड़ा-थोड़ा पैसा कमाता था। धूप हो या बारिश, वह कभी काम से पीछे नहीं हटता। किसान मानता था कि मेहनत कभी बेकार नहीं जाती। एक दिन उसकी ईमानदारी देखकर गाँव के बड़े किसान ने उसे अपने खेतों की जिम्मेदारी दे दी। धीरे-धीरे उसकी आमदनी बढ़ने लगी। कुछ सालों बाद वही गरीब किसान अपना छोटा सा खेत खरीद पाया और सम्मान की ज़िंदगी जीने लगा।