एक छोटा बंदर जिसका नाम रिपो था, नदी के किनारे रहता था। एक सुबह उसने देखा कि एक नन्ही चिड़िया पानी में गिर गई है और उसके पंख भीग चुके हैं। वह उड़ नहीं पा रही थी।
रिपो तुरंत कूदकर नीचे आया और चिड़िया को बड़े प्यार से उठाकर एक सूखे पत्ते पर रख दिया। वह धीरे-धीरे अपनी साँसों से चिड़िया के पंख सुखाने लगा।
थोड़ी देर बाद चिड़िया ने अपने पंख फैलाए और आसमान में उड़ गई। रिपो खुशी से ताली बजाने लगा। उसकी मासूम आँखों में चमक थी, क्योंकि किसी की जान बचाना ही उसके लिए सबसे बड़ी खुशी थी।