Barefoot man untying his donkey on a village street
提示词
रामू, फटी कमीज़ और पैबंद लगी पैंट पहने, गधे की रस्सी खोलता है।
रामू के पैरों में चप्पल नहीं, बस रबर का टूटा टुकड़ा।
वह गधे के सिर पर हाथ रखकर कहता है,
“चल रे कालू, आज अगर ईंट नहीं ढोई तो दोनों भूखे रहेंगे।”