Schelmischer Affe, der laut in einem ruhigen Wald spielt
Ein frecher Affe springt zwischen den Bäumen des Waldes umher und macht Lärm, stört die ruhige Umgebung und zieht mit seinem verspielten Verhalten alle Blicke auf sich.
Eingabeaufforderung
एक जंगल में एक शरारती बंदर रहता था। वह अपनी हरकतों से पूरे गाँव और जंगल के जानवरों को परेशान करता रहता था। कभी किसी का फल छीन लेता, तो कभी किसी का मज़ाक उड़ाता। सभी उससे तंग आ चुके थे।
एक दिन एक चालाक लोमड़ी ने सोचा, "क्यों न इस बंदर को सबक सिखाया जाए?" यह सोचकर वह जंगल के राजा शेर के पास पहुँची।
लोमड़ी ने शेर से कहा, "महाराज, यह बंदर रोज़ सबको परेशान करता है। अगर इसे नहीं रोका गया, तो जंगल में कोई भी चैन से नहीं रह पाएगा।"
शेर ने कहा, "ठीक है, इसे सबक सिखाने का समय आ गया है। लेकिन हम इसे बिना वजह सज़ा नहीं देंगे। पहले इसकी शरारत का सबूत देखेंगे।"
अगले दिन बंदर हमेशा की तरह उछल-कूद करने लगा। उसने शेर की गुफा के सामने भी शोर मचाना शुरू कर दिया। शेर बाहर आया और बंदर को समझाया कि दूसरों को परेशान करना अच्छी बात नहीं है।
बंदर को अपनी गलती का एहसास हुआ। उसने सभी जानवरों से माफ़ी माँगी और वादा किया कि अब वह किसी को परेशान नहीं करेगा। उस दिन के बाद जंगल में फिर से शांति लौट आई।
सीख: जो दूसरों को परेशान करता है, उसे एक दिन अपनी गलती का एहसास ज़रूर होता है।