Poor village monkey working hard in simple torn clothes
Prompt
एक छोटे से गाँव में मोनू नाम का एक गरीब बंदर रहता था। वह फटे-पुराने कपड़े पहनता था और रोज़ मेहनत करके अपना पेट भरता था। कभी वह लोगों के खेतों में काम करता, तो कभी बाज़ार में सामान उठाने में मदद करता।
लेकिन गाँव के कुछ लोग उसे पसंद नहीं करते थे। वे उसे बेवजह डाँटते, कभी पत्थर मारते, तो कभी लाठी से भगा देते। मोनू चुपचाप सब सह लेता, क्योंकि वह किसी को दुख नहीं देना चाहता था।
एक दिन गाँव में तेज़ बारिश आई। नदी का पानी बढ़ गया और एक छोटा बच्चा उसमें फँस गया। सब लोग डर गए, लेकिन कोई आगे नहीं बढ़ा। तभी मोनू बिना सोचे नदी में कूद पड़ा। उसने अपनी जान जोखिम में डालकर बच्चे को बचा लिया।
यह देखकर सब लोग शर्मिंदा हो गए। जिन्हें वह गरीब और कमजोर लगता था, वही सबसे बहादुर निकला। उस दिन के बाद गाँव वालों ने मोनू को सम्मान दिया और प्यार से रहने लगे।
मोनू ने बस मुस्कुराकर कहा, “अच्छा इंसान वही है, जो बुरा सहकर भी अच्छा करे।”